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शतरुद्र प्रकाश ने पीएम मोदी से की मुलाकात, तोहफे में दी बनारस की धरोहर

वाराणसी: बनारस में समाजवादी पार्टी के मजबूत किले के रूप में पहचान रखने वाले शतरूद्र प्रकाश ने शुक्रवार को लखनऊ में समाजवादी पार्टी का दामन छोड़कर बीजेपी ज्वाइन कर ली है. इसके बाद उत्तर प्रदेश की राजनीति में हलचल मची हुई है. इन सबके बीच शनिवार को शतरुद्र प्रकाश प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से मिलने दिल्ली पहुंचे. मुलाकात के बाद उन्होंने पीएम मोदी को बनारस पर लिखी एक सबसे महत्वपूर्ण और पुरानी किताब काशी का इतिहास भी भेंट की है.

दरअसल, शनिवार की सुबह लगभग 9:30 बजे समाजवादी पार्टी से बीजेपी में शामिल होने वाले शतरुद्र प्रकाश पीएम मोदी से मिलने के लिए उनके आवास पर पहुंचे थे. लगभग आधे घंटे से ज्यादा वक्त तक उन्होंने पीएम मोदी से मुलाकात की. इस दौरान उन्होंने 1962 में डॉ. मोतीचंद द्वारा लिखित काशी की सबसे सटीक और विस्तृत भौगोलिक, साहित्यिक, धार्मिक और राजनीतिक जानकारियों से पूर्ण काशी का इतिहास नामक पुस्तक प्रधानमंत्री मोदी को उपहार में दी. उन्होंने श्री काशी विश्वनाथ मंदिर के विस्तारीकरण के लिए प्रधानमंत्री मोदी को धन्यवाद तो दिया ही साथ ही साथ पीएम मोदी से अपनी पुरानी मांग को दोहराते हुए श्री काशी विश्वनाथ मंदिर को धरोहर के रूप में घोषित करने की भी बात कही है.

इसके अतिरिक्त उन्होंने विश्वनाथ धाम के विस्तारीकरण के स्वरूप के आधार पर काशी के विस्तारीकरण को भी बल देने के लिए कहा है. बनारस के अन्य पुराने मंदिरों को भी संरक्षित करते हुए उनका विकास होस, इस पर शतरुद्र प्रकाश ने प्रधानमंत्री मोदी से बातचीत की है. फिलहाल चुनावों से पहले समाजवादी पार्टी के मजबूत और पुराने नेता के रूप में पहचान रखने वाले शतरुद्र प्रकाश का बीजेपी में शामिल होना पूर्वांचल में बीजेपी को काफी मजबूत कर सकता है.

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