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लखीमपुर खीरी में मारे गए किसानों की अंतिम अरदास में पहुंचे राकेश टिकैत, आशीष मिश्रा की गिरफ्तारी को बताया ‘रेड कार्पेट’

लखीमपुर खीरी हिंसा में मारे गए चार किसानों के लिए मंगलवार को अंतिम अरदास का आयोजन किया गया. इसके लिए भारतीय किसान यूनियन के नेता राकेश टिकैत सोमवार को ही तिकुनिया पहुंच गए थे. कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी वाड्रा भी मंगलवार सुबह यहां पहुंची. यहां किसान नेता राकेश टिकैत ने मंत्री अजय मिश्रा पर निशाना साधा. उन्होंने कहा, “आज किसानों की अंतिम अरदास है. 3 अक्टूबर की दुखद घटना सबने देखी, नेट बंद होने के कारण वीडियो बाद में आए. किसान वापस जा रहे थे, वीडियो ना होती तो किसानों को ही दोषी माना जाता. सबने देखा कि गलती मंत्री की है, उन्होंने पहले ही धमकी दे दी थी.”

जब तक मंत्री को जेल नहीं भेजा जाता तब तक चलेगा आंदोलन

राकेश टिकैत ने आगे कहा, “मंत्री की दहशत क्षेत्र में है. हमारी मांग गलत नहीं है. 4 तारीख को फैसला हुआ उसमें 10 हजार लोग थे, सभी अधिकारी मौजूद थे. सब लोगों की सहमति से फैसला हुआ था. गृहराज्य मंत्री के खिलाफ जबतक मुकदमा दर्ज करके उनकी गिरफ्तारी और पद से हटाकर आगरा की जेल में नहीं भेजा जाएगा तक हमारा आंदोलन जारी रहेगा”

रेड कार्पेट गिरफ्तारी

आशीष मिश्रा की गिरफ्तारी को लेकर भी राकेश टिकैत ने निशाना साधा. राकेश टिकैत ने कहा, “ये जो गिरफ्तारी हुई है वह रेड कार्पेट गिरफ्तारी है. गुलदस्ते पर आधारित रिमांड है. किसी पुलिस अधिकारी की हिम्मत नहीं है कि वो गृहराज्य मंत्री के बेटे से पूछताछ कर सके? माला डालकर कोई पूछताछ होती है? जबतक दोनों को थाने में बंद कर पूछताछ नहीं होगी तब तक सही से जांच नहीं हो पाएगी. थार गाड़ी के 4X4 गेयर लगाकर किसानों को कुचला गया. 20 से ज्यादा लोग घायल हैं. 15 तारीख को पुतला दहन होगा. 18 अक्टूबर 10 बजे से 6 बजे तक 8 घंटे रेल बंद रहेगी. 26 तारीख को लखनऊ में बड़ी पंचायत होगी.

दिल्ली का आंदोलन चलता रहेगा

राकेश टिकैत ने कहा, दिल्ली का आंदोलन जारी रहेगा. हमारा संघर्ष जारी रहेगा. सरकार झगड़ा करवाना चाहती है. हम पर आरोप लगाती है. हमें इससे बचना है. जिनके पास भी वीडियो हैं वो संगठन के लोगों और गुरुद्वारा में भेजे. संत महात्मा और लाखों लोग आंदोलन में शामिल हैं.

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